रामचरितमानस मोतीः सतीक अपन पिता दक्ष ओतय यज्ञ देखय लेल गेनाय
स्वाध्याय – प्रवीण नारायण चौधरी रामचरितमानस मोती १७. सती केर दक्ष यज्ञ मे गेनाय पूर्वक अध्याय मे पढ़लहुँ जे ब्रह्माजी द्वारा सतीक पिता दक्ष केँ प्रजापति बनायल गेल, प्रभुता पाबि दक्ष प्रजापति मद मे चूर कि करैत छथि ताहि पर आइ गौर करू। ओम्हर पति द्वारा पत्नीक रूप मे मौन परित्याग आ सतासी हजार … रामचरितमानस मोतीः सतीक अपन पिता दक्ष ओतय यज्ञ देखय लेल गेनाय



