सन्दर्भ जितिया-खरजितियाक – निर्जला व्रत (उपवास) केर निजी संस्मरण
संस्मरण-कथा – प्रवीण नारायण चौधरी निर्जला व्रत (उपासना) केर अपन अनुभव आइ विक्रम संवत साल २०८१ (ईश्वी संवत् २०२४) केर जितिया व्रतक विशिष्ट रूप ‘खरजितिया’ केर दोसर दिन थिक । एहि वर्षक व्रत अवधि लगभग ३६ घन्टाक अछि । हमर माय सहित कतेको माय हम सन्तान व परिजनक खातिर एतेक कठिन व्रत रखने छथि … सन्दर्भ जितिया-खरजितियाक – निर्जला व्रत (उपवास) केर निजी संस्मरण







