मिथिलाभाषा रामायण – लङ्काकाण्ड चारिम अध्यायः रामेश्वर शिव केर स्थापना
स्वाध्याय – प्रवीण नारायण चौधरी कविचन्द्र विरचित मिथिलाभाषा रामायण – लङ्काकाण्ड चारिम अध्याय रामेश्वर शिव केर स्थापना, गुप्तचर शुक केर मुँह सँ रामजीक सेनाक वर्णन ।सवैया छन्द। बाँधल भेल बाँध वारिधि मे, दशवदनक विजयक मन काज ॥१॥ शिवरामेश्वर तत संस्थापन, कयल सविधि प्रभु श्रीरघुराज ॥२॥ रामेश्वरक करथि जे दर्शन, सेतुबन्ध काँ करथि प्रणाम ॥३॥ ब्रह्मघात-आदिक … मिथिलाभाषा रामायण – लङ्काकाण्ड चारिम अध्यायः रामेश्वर शिव केर स्थापना






