देख देख मोरा कोहुना देख – अटेन्सन-सीकर कविजी
प्रहसन – प्रवीण नारायण चौधरी कविजीक कविताक लिंक आइ-काल्हि अधिकतर कविजी अपन कविताक लिंक सब शेयर करैत रहैत छथि । अटेन्सन-सीकर जेकाँ लोकक ध्यानाकर्षण लेल टैग सेहो कय दैत छथिन लोक सब केँ । कोहुना कियो ओहि सामग्री केँ देखिकय दस बेर ‘वाह-वाह’ कय दियय, मोन मानि जायत । एकटा कथा मोन पड़ैत अछि एहि … देख देख मोरा कोहुना देख – अटेन्सन-सीकर कविजी







