रामचरितमानस मोतीः कामदेवक देवकार्य लेल जायब आ भस्म होयब
स्वाध्याय – प्रवीण नारायण चौधरी रामचरितमानस मोती कामदेवक देवकार्य लेल जायब आ भस्म होयब ब्रह्माजी द्वारा निरूपित उपाय अनुसार देवता लोकनि कामदेव सँ अपन सब विपत्ति सुनेलनि। सुनिकय कामदेव मनहि मन विचार कयलथि आ हँसिकय देवता लोकनि सँ कहलखिन – यद्यपि शिवजीक समाधिस्थ अवस्था केँ भंग करब अर्थात हुनका सँ विरोध करय मे हमर कुशलता … रामचरितमानस मोतीः कामदेवक देवकार्य लेल जायब आ भस्म होयब







