मिथिला के भोर जरूर हेतय
दर्शन-विचार – प्रवीण नारायण चौधरी अपनहि हाथ मे सब बात होइछ दिन बितैत जा रहल अछि। दिन-दिन जिम्मेदारी बढ़ैत जेबाक फील (अनुभूति) सेहो भ’ रहल अछि। उच्च रक्तचाप के स्वास्थ्य सम्बन्धी समस्याक अतिरिक्त चिन्ता आ तनाव केर कतिपय स्थिति नहियो चाहैत बेर-बेर आबि जाइछ सोझाँ। एहेन सब स्थिति मे अपना मात्र केँ सन्तुलित आ नियंत्रित … मिथिला के भोर जरूर हेतय








