अपन-अपन कर्तव्य सँ परिचित रहि नीक-बेजा केर द्वंद्व सँ मुक्त रहब जरूरी
के नीक आ के बेजा नीक आ बेजा केर परिभाषा सामान्य सँ ऊपर सेहो एकटा होइत छैक। ओ थिकैक अपन-अपन दृष्टिकोण सँ केकरो नीक बुझब आ केकरो खराब बुझब। सामान्य समझ मे जे नीक-बेजा छैक से त छहिये। आब एकर मीमांसा मे प्रवेश करब त सामान्यतः पढनाय-लिखनाय केँ सब नीक कहैत छैक, बेजा कियो नहि … अपन-अपन कर्तव्य सँ परिचित रहि नीक-बेजा केर द्वंद्व सँ मुक्त रहब जरूरी









