दिल्ली मे लागत सौराठ सभा – समस्त मैथिल सँ बैढ-चैढकय भाग लेबाक अपीलः अभामिरासंस

दिल्ली, अक्टूबर ३१, २०१७. मैथिली जिन्दाबाद!!

अखिल भारतीय मिथिला राज्य संघर्ष समितिक राष्ट्रीय प्रवक्ता ई. शिशिर कुमार झा काल्हि मिथिला चौक (कनाट प्लेस) मे आयोजित कार्यकर्ता बैसारक उपरान्त प्रेस विज्ञप्ति जारी करैत सौंसे दिल्ली आ राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (दिल्ली व आसपास – एनसीआर) केर मैथिल जन-समुदाय, सब जाति ओ धर्मक लोक सँ आगामी ५ नवम्बर आयोजित होमयवला ‘मैथिल वर-वधू परिचय सम्मेलन’ मे भाग लेबाक अपील कएलनि अछि।

विदित हो जे मुम्बई मे अनेको संस्थाक संयुक्त रूप ‘मैथिल समन्वय समिति’ केर स्थापना लगभग २ वर्ष पूर्व मे भेल। मातृभूमि मिथिला आ मातृभाषा मैथिलीक विभिन्न हित व सरोकार लेल निरन्तर कार्यरत ई समिति मिथिलाक जनमानस जे प्रवासक जीवन मे यत्र-तत्र रहि रहल अछि तिनका सभक कुटमैतीक समस्या केँ चुनौतीपूर्ण मानैत पैछला साल सँ वर-वधू परिचय सम्मेलनक आयोजन करैत आबि रहल अछि। पैछला वर्ष २०१६ मे ई परिचय सभा मुम्बई मे आयोजित छल जाहि ठाम पहुँचि सैकड़ों मैथिल समुदायक लोक कुटमैतीक समस्याक निदान तकलैन।

बुझले बात अछि जे पहिने जेना मैथिल ब्राह्मण समुदायक लोक लेल सौराठ सभा जेकाँ कुल ४२ स्थान पर अलग-अलग सभा लगाओल जाएत छल। उचित कथा-वार्ता हेतु विभिन्न कुल-मूलक कैम्प मे कुटमैतीक खोज कएनिहार कन्या एवं वर पक्ष आपसी वार्ता करैत छलाह। गोत्र मिलानी, अधिकार निर्णय, सिद्धान्त लेखन आदि विभिन्न महत्वपूर्ण प्रक्रिया पंजिकार लोकनिक सहयोग सँ सभा-स्थल पर पूरा होएक। तहिना बहुत सहजता सँ बिना कोनो विशेष ताम-झाम वैवाहिक सम्बन्ध बनैत छल। एहि प्रक्रियाक आध्यात्मिक आ लौकिक महत्व मिथिला समाज मे विद्वत्, शाश्वत आ पुरुषार्थ सम्पन्न सन्ततिक जन्म लेबाक अदौ-परम्परा सँ सहजहि बुझल जा सकैत छैक।

वर्तमान मैथिल समाजक विभिन्न जाति-समुदायक लोक रोजी-रोटीक खोज मे सौंसे देश-विदेश जा कय जीवनयापन करबाक लेल बाध्य अछि – तेहेन स्थिति मे कुटमैतीक समस्या चरम पर छैक। लोक परम्परा मे तेजी सँ ह्रास आबि रहलैक अछि। उपरोक्त महत्वपूर्ण परम्परा सँ मैथिल ब्राह्मण समुदाय पर्यन्त दूर भ गेल अछि आर एहि तरहें मिथिलाक प्रसिद्धि सेहो दिन-ब-दिन घटैत जा रहल छैक। वर्तमान सन्तति विद्वता आ आध्यात्मिकता सँ बहुत दूर आ विदेहपंथक उल्टा व्यवहार ‘भौतिकतावाद’ मे मस्त भेल देखाएछ। जाति-पाति, लोक-रीत, विध-विधान सब बातक उठाव होएत जा रहल छैक। तेहेन चुनौतीपूर्ण स्थिति मे भारतक राजधानी दिल्ली मे एहि बेरुक वर-वधू परिचय सभा मे लाखों मैथिलक सहभागिता होयब सुनिश्चित बुझाएछ।

५ नवम्बर केँ दिल्लीक सिरिफोर्ट स्टेडियम मे ई सभा होयत जाहि मे सब सँ भाग लेबाक अनुरोध करैत ई. शिशिर कहलैन जे एकर सफलता विभिन्न दृष्टिकोण सँ मिथिलाक भविष्य उज्ज्वल बनाओत। एहि महत्वपूर्ण कार्य लेल संदीप फाउन्डेशनक अध्यक्ष डा. संदीप झा केर अगुवाई मे गठित मैथिल समन्वय समितिक जतेक सराहना कयल जाय ओ कम्मे होयत।

ई आयोजन श्रीमती कुमकुम झा केर संयोजकत्व मे दिल्ली मे आयोजित होमय जा रहल अछि। एहि मे दिल्लीक विभिन्न संघ-संस्थाक सहयोग आयोजन केँ सफल बनेबाक लेल दिन-राति परिश्रम कय रहल अछि। विभिन्न क्षेत्र मे घर-घर जा कय लोक सब सँ सहभागिता आ विवाह योग्य वर-कन्या लोकनिक परिचय सेहो संकलन कएल जा रहल अछि। सिविल सर्विसेज अधिकारी क्लब, बाराखम्भा रोड, नई दिल्ली मे कार्यकर्ता लोकनि आयोजनक प्रारूप पर एकटा बैसार कयलनि। ५ नवम्बर रवि दिन ई परिचय सभा अपराह्न ४ बजे सँ शुरू होयत आ रातिक ९ बजे धरि चलत। विभिन्न पूर्व पंजीकृत वा अन्य सहभागी मैथिल सपरिवार एहि आयोजन मे भाग लेता। भीड़ केँ जमा करबाक लेल मनोरंजनात्मक कार्यक्रम सब सेहो आयोजित अछि। रात्रि भोज केर प्रबंध सेहो कयल गेल अछि जाहि सँ देर राति घर वापस भेलाक बाद किनको भोजन बनेबाक परेशानी नहि हो – संयोजिका अपन विचार रखलीह। एहि बैसार मे कुमकुम झा, केशव झा, तपन झा, रंजना झा, निवेदिता मिश्रा झा, अमर नाथ झा, दीपक झा, संतोष राठौड़, विमलजी मिश्र, अरुण कुमार मिश्र, डा. ममता ठाकुर, मणि भूषण राजू, भगवंत झा सहित दर्जनों कार्यकर्ता लोकनि भाग लेलनि।