मिलाफ राजविराज केर साहित्यिक-सांस्कृतिक अभियान गाम-गाम मे श्रृंखला निरन्तरता मे

गाम-गाम घुमिकय मातृभाषा आ मातृसंस्कृतिक महत्व सँ परिचय करबैत अछि 'मिलाफ राजविराज'

राजविराज सँ विद्यानन्द बेदर्दी जी केर अपडेट

१५ जून २०१९। मैथिली जिन्दाबाद!!

आइ मिथिला साहित्य-कला प्रतिष्ठान नेपाल ( MiLAF Nepal) द्वारा आयोजित मासिक मैथिली साहित्यिक तथा साङ्गितिक कार्यक्रम,श्रृंखला १९ श्री प वि मा विक प्राङ्गणमे मिलाफ नेपालक छिन्नमस्ता गाउँपालिका १ शाखा कार्यालयके अध्यक्ष अरूण कुमार यादव जीक अध्यक्षता,मैथिल मैक्स मुकेशक प्रमुख आतिथ्य आ विद्यानन्द वेदर्दीके सञ्चालनमे सुसम्पन्न भेल। कार्यक्रमक शुरूवात वैद्यनाथ मिश्र ‘यात्री’ द्वारा रचित ” भगवान! हमर मिथिला सुख शान्तिकेर घर हो” गीतक वाचन आ कञ्चन झाद्वारा गोसाउनि गीति-गायनसँ भेल। सुभाष विरपुरियाद्वारा बधैया गीत,तेजू मैथिलद्वारा उदीत नारायण झाक गाएल ‘जीवन नैया अहिना चलतै सुख दुखके धारमे’ गीत,सुष्मा झाद्वारा चन्द्रमुखी सन मिलतौ जमाई गीत,कञ्चन झाद्वारा पिया मोरा बालक हम तरूणी गे गीत,वीरेन्द्र सप्तरीया,प्रमेश्वर मैथिल,प्रकाश शाह आ सरोज विरपुरियिद्वारा मैथिली भाषा-सँस्कृति अभियानक गीत गाओल गेल। करूणा झा,बन्दना मिश्र मधु,ऊर्जा साह,अभय प्रसाद यादव आ त्रीवेनी यादवद्वारा कविता वाचन कएल गेल। विद्यानन्द वेदर्दी,मैथिल मैक्स मुकेश,धीरेन्द्र मण्डल मधेशी,कृष्ण मैथिल कृष,रमन यादव धीरू आ शम्भू श्रीद्वारा गजल वाचन कएल गेल। ललिता झाद्वारा हिन्दीके मैथिल अनुवादित कविता वाचन कएल गेल। प्रतिष्ठानक संस्थापक अध्यक्ष देवेन्द्र मिश्रद्वारा ‘कथा भ्रुण’ कथा आ प्रतिष्ठानक वर्तमान अध्यक्ष श्रीराम मण्डल भरोसीद्वारा गौतम बुद्धक जीवनक किछु संदेशमुलक अंश जोड़ल गेल।अरूण कुमार यादवद्वारा मैथिली भाषाक ईतिहास,महत्व आ संरक्षणक विषयपर जोड़ दैत कार्यक्रमक समापन कएल गेल। हरमोनियम पर वीरेन्द्र सप्तरीया आ ढोलक पर तेजू मैथिलक जुगलबन्दी हर गीति-गायन प्रस्तुतिक जमौने छल। मिथिलेश मिश्र,मुकेश चौधरी,रामदेव राम आ गायत्री मिश्र लगायत २८ गोटेक उपस्थिती छल।