अन्टार्कटिक सँ गायब पेन्गुइन – भूमण्डलीय तापक्रम बढय सँ जीवनमंडल पर खतराक संकेत

भूमंडल पर बढैत तापमान

काल्हि बीबीसी साइंस व इनवायरोमेन्ट केर ई लेख ध्यानाकर्षण कएने रहय। एकरा पढिकय बुझबाक प्रयत्न कएने रही। वैज्ञानिक लोकनिक चिन्ता – ‘ग्लोबल वार्मिंग’ काफी समय सँ आगाह करबैत आबि रहल अछि। बीच-बीच मे जानलेबाक प्राकृतिक आपदा-विपदा सब सेहो मोन मे हिलकोर मारिते रहैत अछि। एखन एक मानव रूप मे रहबाक कारण मानव सँ जुड़ल कतेको मानवीय, वायुमंडलीय आ पर्यावरणीय विषय सब पर चिन्तन करैत रहब स्वाभाविके छैक। सिर्फ अपनहि टा जीवन लेल सोचब आ आजु-बाजु कि भऽ रहल छैक तेम्हर ध्यान नहि राखब भोत्थर मस्तिष्क केर दशा कहाइत य। ताहि सँ मानव सहित जीवमंडल केर प्रत्येक जीव आ ई विलक्षण-विचित्र प्रकृति मे रमबाक-गमबाक प्रयत्न करैत रहैत छी।

बीबीसी केर ई लेख –
https://www.bbc.com/news/science-environment-48041487…

रुचि हो त जरूर पढू-बुझू।

मोट गप एतेक हम बुझलियैक जे बढैत तापक्रम केर असर पृथ्वीक उत्तरी आ दक्षिणी गोलार्द्धक अन्तिम ध्रुव क्षेत्र पर अवस्थित भूभाग वा समुद्र जाहि ठाम बेसी समय बर्फक आइसवर्ग आ समुद्र केर अवस्था बनैत रहैत अछि ओहि ठामक जीवन खतरा मे पड़ि गेल अछि। एखन दृष्टान्त देल गेल अछि अन्टार्कटिक (महादेशीय भूभाग) पर बसल इम्पेरर पेन्गुइन केर। २०१६ केर कोनो तूफान केर जिकिर कयल गेल अछि। एक बहुत पैघ सम्राज्यक अन्त केर चर्चा कयल गेल अछि। भूमंडलीय वातावरण मे ई परिवर्तन आ बढैत तापक्रम सँ मानव समुदाय केर अस्तित्व पर सेहो खतरा आओत तेकर अन्दाज लगायल जा रहल अछि। वैज्ञानिक लोकनि एहि दिशा मे निरन्तर अध्ययन कय रहला अछि।

एहि लेखक नैतिक शिक्षा संभवतः हमरा सब लेल ई अछि जे ग्लोबल वार्मिंग केर खतरा सँ बचबाक आ जीवनक अस्तित्व केँ बचेबाक लेल प्रकृति केर अपन स्वस्फुर्त चक्र केँ मानवीय उपक्रम सँ नुकसान नहि पहुँचाबी। पर्यावरणक रक्षा लेल सब कियो अपन उत्तरदायित्व केँ जरूर बुझी।

हरिः हरः!!