रामचरितमानस मोतीः शरद ऋतुक वर्णन
स्वाध्याय – प्रवीण नारायण चौधरी रामचरितमानस मोती शरद ऋतुक वर्णन (पूर्व अध्याय मे वर्षा ऋतुक वर्णन भगवान् राम केर श्रीमुख सँ भेल आ तकर बाद…..) १. हे लक्ष्मण! देखू, वर्षा बिति गेल आ परम सुन्दर शरद् ऋतु आबि गेल। फुलायल कास सँ सम्पूर्ण पृथ्वी आच्छादित भेल बुझाइत अछि, मानू वर्षा ऋतु कासरूपी उज्जर केस रूप … रामचरितमानस मोतीः शरद ऋतुक वर्णन





