महिला सशक्तिकरण और स्वरोजगारः कमजोर नारी व पति-पीड़िता लेल परमावश्यक

लेख

– संगीता मिश्र

महिला सशक्तिकरण और स्वरोजगारः कमजोर नारी व पति-पीड़िता लेल परमावश्यक

लेखन कार्य हमरा लेल नव शक्ति बनि रहल अछि। वास्तव मे मोनक बात लिखब हमरा एकटा नया व्यक्तित्व प्रदान कय रहल अछि से अनुभव कयलहुँ एहि बीच मे। लगातार अपन जीवनक पीड़ा आ कटु अनुभव सब राखि पाठक सब केँ बहुत उदास करब नीक बात नहि, तेँ आइ कनी हंटिकय लिखि रहल छी। नारी केँ पुरुषक तुलना मे प्रकृति कमजोर बनेलक, एकर फायदा निहायत घटिया टाइप के लोक, कामी, लोभी, क्रोधी पुरुष बड बेसी फायदा उठायल करैत अछि। यदि अहाँ एहि तरहक पुरुषक पल्ला पड़ि गेल छी त स्वयं सहित बाल-बच्चा केँ सेहो भुखले साधि देल करैत अछि। स्वयं अपन दुष्चरित्र आ पत्नी छोड़ि आन स्त्री संग रासलीला मे लागल पुरुष के कुरूपता कतेक तरहक छैक से पुछू जुनि। हमरा ओ दिन याद करैत आँखि मे नोर भरि जाइत अछि, लेकिन मुठ्ठी बान्हिकय जखन निर्णय करैत छी जे हारबाक नहि अछि, लड़बाक अछि आ जीतबाक अछि – तखन जीत हासिल होइत अछि। ई जीत केना हासिल होइत अछि ताहि पर केन्द्रित अछि हमर ई आजुक लेख।

महिला सशक्तिकरण के मतलब होयत अछि – महिला केँ आध्यात्मिक, राजनीतिक, सामाजिक या आर्थिक शक्ति केर बढ़ावा। भारत मे महिला शिक्षा, राजनीति, मीडिया, कला आ संस्कृति, सेवा क्षेत्र, विज्ञान आ प्रौद्योगिकी आदि क्षेत्र मे भाग लैत छथि। भारत के संविधान सब भारतीय महिला के समानता के अधिकार देने अछि। सशक्तिकरण के सहयोग स परिवार के हर सदस्य के विकास बिना बेसी मेहनत के आसानी सँ भ’ सकैत अछि। परिवार के हर चीज के लेल महिला केँ बहुत जिम्मेदार मानल जाइत अछि, ताहि लेल ओ सब समस्या केँ बहुत नीक सँ समाधान क’ सकैत छथि। महिला सशक्तिकरण सँ पूरा समाज स्वतः सशक्त भ जाइछ। महिला सशक्तिकरण के सहयोग स परिवार के हर सदस्य केर विकास बिना बेसी मेहनत कयने आसानी सँ भ सकैत अछि। महिला सशक्तिकरण सँ पूरा समाज स्वतः सशक्त भ जाइछ। मानव, आर्थिक या पर्यावरण सँ संबंधित कोनो छोट या पैघ समस्याक बेहतर समाधान महिला सशक्तिकरण थिक। पिछला किछु साल महिला सभक सशक्तिकरण के लाभ आ प्रभाव स्पष्ट रूप सँ देखय मे आबि रहल अछि। महिला अपन स्वास्थ्य, शिक्षा, नौकरी, आ परिवार, देश आ समाज के प्रति जिम्मेदारी प्रति बेसी जागरूक होइत छथि। हर क्षेत्र मे प्रमुखता सँ भाग लैत छथि आ अपन रुचि देखबैत छथि।

आइ-काल्हि महंगाई के जमाना मे महिला सब के रोजगार के बहुत बेसी जरूरी भ’ गेल अछि, रोजगार भेला पर अहाँ अपन बच्चा सभक परवरिश नीक जेकाँ क’ सकैत छी। यदि अहाँ गृहिणी छी आ घरक जिम्मेदारी के कारण बाहर नहि जा सकैत छी त किछु उपाय अपनाकय घरहि बैसल किछु न किछु रोजगार कय सकैत छी जेना…

१. अगर अहाँ केँ खाना बनाबय के शौक अछि त अहाँ बाहर सँ आबिकय शहर के कौलेज अथवा कोचिंग सब मे पढ़ाई करयवला बच्चा सब या कामकाजी पुरुष जिनकर परिवार साथ मे नहि रहैत छन्हि या ओहेन बुजुर्ग जिनकर परिवार हुनका संगे नहि रहैत छन्हि – ऐहेन तरहक लोक सभक वास्ते टिफिन सर्विस करयवला एजेन्सी सब लेल काज कय सकैत छी। ई काज घरहि मे बैसल भ’ सकैत अछि आओर एहि मे आमदनी नीक होबय लगैत अछि।

२. अगर अहाँ केँ कोनो कला जेना पेंटिंग, सिलाई-कढ़ाई आदिक शौक अछि त अहाँ ओकरा सेहो सिखाबय लेल सेंटर खोलि सकय छी। और एहि लेल आसानी सँ सरकार के तरफ सँ लोन सेहो भेटैत अछि। बस, कनेक चलता-पुर्जा बनिकय ई सब तरहक अवसर केना अहाँ केँ सहयोग करत, केकरा सिखा सकब, लोन केना भेटत, से सब पर कनेक नजरि दौड़ाबय पड़त। अपनो दौड़-बरहा करय पड़त।

३. आइ-काल्हि सामग्री लेखनक काज सेहो नीक जेकाँ चलि रहल अछि, अहाँकेँ पढ़बाक-लिखबाक शौक अछि त अहाँ कोनो न कोनो विषय-सन्दर्भ पर कन्टेन्ट राइटिंग कय सकैत छी। शुरू मे तत्काले त नहि, मुदा किछु दिनक बाद जेना-जेना लेखनकला मे माहिर बनैत जायब, एहिमे सेहो नीक आमदनी शुरू भ’ जायत अछि।

४. घर पर बैसल बच्चा सब के ट्यूशन पढ़ाबय के सेहो बहुत नीक तरीका अछि, एहि स हमरा सब केँ पढ़ल चीज याद आबि जाइत अछि आ अपन समय के सदुपयोग हेबाक संग-संग अपना हथखर्चा लेल आमद सेहो नीक भ जाइत अछि।

५. अगर अहाँ के कंप्यूटर के जानकारी अछि त ऑनलाइन सर्वेक्षण के काज सेहो कएल जा सकैत अछि।

६. आइ-काल्हि लोक ऑनलाइन सेलिंग के सेहो नीक काज क’ रहल छथिन्ह, मीशो मंत्रा, फ्लिपकार्ट, एमेजोन आदि रिसेल के लेल नीक मुनाफा द’ रहल अछि। हमहुँ एहि तरहक ई-कॉमर्स फ्लैटफॉर्म सँ जुड़ि कय अपन रोजगार (अगरबत्ती) के सेल करैत छी।

७. अँचार, पापड़ आदि सेहो घर मे बनाकय बेचल जा सकैत अछि। एखन “JHa JI STORE” अपन प्रोडक्ट बेचि रहल छथि। मिथिला गृह उद्योग के सेहो नाम खूब सुनैत छी। बड़का-बड़का शहर सब मे आइ यैह गृहिणी महिला सभक बनायल घरेलू स्वाद के चीज-वस्तुक नीक मांग छैक। अहाँ निश्चित एहि क्षेत्र मे अपन करियर बना सकैत छी।

८. आइ-काल्हि लोक अपन स्वास्थ्य के प्रति बेसी जागरूक भ’ रहल अछि, ताहि लेल योग सीखय आ सिखाबय लेल केंद्र खोलल जा सकैत अछि। या अहाँ ऑनलाइन सेहो योग सीखा सकैत छी।

एहि तरहें आर बहुते रास तरीका सब अछि जाहि सँ घर मे बैसल सेहो अपन जरूरत के हिसाब सँ किछु पाइ कमा सकैत छी, आओर अगर पाइ के समस्या अछि त फेर सरकार के तरफ सँ कइएक टा स्वरोजगार योजना चलाओल गेल अछि, ताहि के जानकारी हासिल करैत अपन योगदान दय अपना केँ सबल बना सकैत छी। हम सभ अपन छोट व्यवसाय सेहो किछ मनी लोन ल’ क’ शुरुआत कय सकैत छी।

हमहूं अपन भाई-भाभी के सहयोग सँ अगरबत्ती “VIDEHA AGABATTI” के बिजनेस शुरु कएने छी। हम अपन जीवन के कटु अनुभव सँ कहैत छी जे हर महिला केँ स्वाबलम्बी आर आत्मनिर्भर हेबाक चाही। एहि बिसनेस मे हमर भाइ आ बैंक सँ आर्थिक मदति मिलल। आइ हम अपन सन्तान सभक भरण-पोषण आ शिक्षा-दीक्षा एकरे मदति सँ कय पाबि रहल छी। हम चाहैत छी जे हरेक महिला मे एतेक आत्मनिर्भरता रहय जाहि सँ कोनो आपात स्थिति मे स्वयं केँ आ परिवार केँ सम्हारि सकी। धन्यवाद!! अहाँक सबलता सँ दुष्चरित्र पति आ ओकरा संग देनिहाइर दुष्चरित्रा सेहो समय पर नीक शिक्षा आ संस्कार ग्रहण करत से विश्वास जरूर राखब, जेना हम रखने छी। जय मिथिला जय जानकी।