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प्रवीण नारायण चौधरी

कविताक शक्ति, विनोदक ताजाताजी पाँच कविता आ ओकर प्रभावक गहिंराइ

मैथिली कविताक प्रभाव वर्तमान युगक कतेको रास नामी-गिरामी कवि-कथाकार-उपन्यासकार व साहित्यकार लोकनि सामाजिक संजाल – फेसबुक मंच केर उपयोग करैत अभरैत रहैत छथि। एहि क्रम मे श्रेष्ठतर स्रष्टा – साहित्य अकादमी सँ पर्यन्त सम्मानित श्री उदय चन्द्र झा विनोद नित्य एक नव रचनारूपी गहनाक संग मैथिली भाषा-साहित्यक सुन्दर स्वरूपकेँ सजबैत भेटैत छथि। दिल्ली विश्व पुस्तक कविताक शक्ति, विनोदक ताजाताजी पाँच कविता आ ओकर प्रभावक गहिंराइ

मिथिलाक राजनेता मे ऐगला ललित बाबू बनि सकता संजय झा?

मिथिलाक विकासवादी नेता संजय झाः लोकमानस मे ऐगला ललित बाबूक रूपमे चर्चित – प्रवीण नारायण चौधरी मिथिलाक अपन अलग दाबेदारी बिहार अन्तर्गत पिछला १०६ वर्ष मे मिथिला अपन स्वत्व लगभग सब तरहें समाप्त कय चुकल अछि। बौद्धिक, साहित्यिक, आध्यात्मिक, दार्शनिक, पौराणिक, ऐतिहासिक – वर्तमान समय मिथिला आर एहि सँ जुड़ल पहिचानक वैशिष्ट्य – ई सबटा मिथिलाक राजनेता मे ऐगला ललित बाबू बनि सकता संजय झा?

मिथिलाक आर्थिक परतंत्रता सर्वाधिक खतरनाकः अन्तर्विरोध सँ दिनानुदिन परनिर्भरतामे वृद्धि

सम्पादकीय – १४ जनवरी, २०१८. मैथिली जिन्दाबाद!! वर्तमान मिथिलाक बाजार पर गैर-मैथिलक नियन्त्रण मिथिलाक लोकमानस मे अन्तर्विरोध कोन स्तरपर हावी अछि तेकर एकटा प्रत्यक्ष आ तीत-कोत उदाहरण मैथिलीभाषी क्षेत्रक बाजार ऊपर गैर-मैथिलीभाषी समुदायक नियन्त्रण सँ स्पष्ट होएत अछि। बहुत रास सवाल हमर दिमाग मे ठाढ होएत अछि – एकर आरो कारण सब तकैत छी, मनहि-मन मिथिलाक आर्थिक परतंत्रता सर्वाधिक खतरनाकः अन्तर्विरोध सँ दिनानुदिन परनिर्भरतामे वृद्धि

सप्तरीक दलित बस्तीमे धुर्मुस सुन्तली फाउन्डेशन द्वारा कम्बल वितरण

राजविराज, सप्तरी। ११ जनवरी, २०१८. मैथिली जिन्दाबाद!! परोपकार सँ पैघ दोसर कोनो धर्म नहि – एहि कहावत केँ चरितार्थ करैत आबि रहल धुर्मुस सुन्तली फाउन्डेशन (नेपला) विगत किछु वर्ष सँ दलित तथा असहाय समुदाय लेल अनेकानेक परोपकारक कार्य सब करैत आबि रहल अछि। कतहु दलित समुदायक प्रत्यके परिवार लेल पूर्ण सुविधायुक्त बस्ती बसेबाक कार्य त सप्तरीक दलित बस्तीमे धुर्मुस सुन्तली फाउन्डेशन द्वारा कम्बल वितरण

नेपाल तराई विद्यार्थी नवजागरण संघक तत्त्वावधानमे ईन्जीनियरिंग आ औद्योगिक एक्स्पो शुरू

धरान, सुनसरी। जनवरी ११, २०१८. मैथिली जिन्दाबाद!! नेपाल तराई विद्यार्थी नवजागरण संघक तत्त्वावधानमे आयोजित सुनसरीक पूर्वाञ्चल ईन्जीनियरिंग कालेज धरानमे पहिल बेर ईन्जीनियरिंग तथा औद्योगिक एक्सपो (प्रदर्शनी) काल्हि जनवरी १० सँ जनवरी १२, २०१८ धरि लेल आरम्भ भऽ चुकल अछि। दीर्घगामी विकासक लेल ईन्जीनिरिङ तथा औद्योगिक क्षेत्रक महत्व बुझेबाक उद्देश्य सहित एहि एक्स्पोमे धरानक १३ टा विद्यालय तथा कालेजक नेपाल तराई विद्यार्थी नवजागरण संघक तत्त्वावधानमे ईन्जीनियरिंग आ औद्योगिक एक्स्पो शुरू

भक्त प्रह्लाद सँ सीखू ई ५ बात – बालोपयोगी नैतिक कथा

होलीक उमंग बीच किछु एहेन सबक जे हमरा सबकेँ भक्त प्रह्लाद केर जीवन सँ सीखबाक चाही हरेक वर्ष होलीक पर्व अबैत अछि। लोक खुशी आ उल्लास सँ भरल माहौलमे होलिकाक दहन करैत छथि। फेर रंगक उत्सव होएत अछि। कतेको रास यादे राखय योग्य बातक संग होली हमरा सबसँ विदाई लैत अछि जाहिसँ फेर ऐगला वर्ष नव भक्त प्रह्लाद सँ सीखू ई ५ बात – बालोपयोगी नैतिक कथा

मिथिलाको कला र वास्तुकला (स्थापत्य)

आलेख – साभार प्रतीक डेली, विरगंज (नेपाल) सँ प्रकाशित राष्ट्रीय दैनिक ‘क’वर्गीय पत्रिका सँ लेखकः प्रा. बासुदेवलाल दास, सहप्राध्यापक, इतिहास विभाग, ठाकुरराम बहुमुखी क्याम्पस, वीरगंज लेखकक बारेमेः मिथिलाक इतिहास आ पुरातात्विक सर्वेक्षणपर गहिंर शोध आ कतेको रास पुस्तक प्रकाशित छन्हि। मिथिलाक लोककला, संस्कृति आदिपर सेहो लेखक द्वारा समय-समयपर अनेकों स्तम्भ व आलेख सब नेपाली सहित अन्य-अन्य भाषाक मिथिलाको कला र वास्तुकला (स्थापत्य)

मैथिली मचान – दिल्ली विश्व पुस्तक मेला विभिन्न दृष्टिकोण मे

मैथिली मचानः दिल्ली विश्व पुस्तक मेलामे मैथिली भाषाक स्वतंत्र सहभागिताक पहिल अनुभवक पाँच दिन बीतल भारतक राजधानी क्षेत्र मे मैथिलीभाषीक जनसंख्या जतबा विशाल अछि ओतबा विशाल छैक अपन मातृभाषा मैथिली प्रति सभक लगन, समर्पण आ लगाव। दिल्ली सन जगहपर भाषा-साहित्यसँ जुड़ल कार्यक्रममे विगत किछु वर्ष सँ निरन्तर बढोत्तरी भऽ रहलैक अछि जेकर सकारात्मक प्रभाव आब मैथिली मचान – दिल्ली विश्व पुस्तक मेला विभिन्न दृष्टिकोण मे

मिथिलाराज्य सँ पहिने आर्थिक उपेक्षा तुरन्त प्रभाव सँ दूर हो, डिवलपमेन्ट काउन्सिलक मांग तेज

दरभंगा, जनवरी १०, २०१८. मैथिली जिन्दाबाद!! मिथिला राज्य निर्माण सेनाक जमीनी नेतृत्व मे सुसुप्तता केँ तोड़ैत महासचिव राजेश झा मिथिलाक ऐगला ललित बाबू उपनाम सँ प्रसिद्ध नेता संजय झा संग भेंटघाँट करैत राज्य निर्माण जा धरि अपन प्रक्रिया मे अछि ताहिमे सहयोगक अपेक्षा रखलनि, जखन कि विकासक कार्य लेल निरन्तर राजनीति मे अपन जीवन लगेनिहार संजय झा मिथिलाराज्य सँ पहिने आर्थिक उपेक्षा तुरन्त प्रभाव सँ दूर हो, डिवलपमेन्ट काउन्सिलक मांग तेज

मिथिला विवाह संस्कार और मिथिला चित्रकलाः प्रसंग नवविवाहितों के लिये कोहबर सजाना

आलेख – राकेश झा ‘क्राफ्टवला’ मिथिला चित्रकला पर मिथिला की महिलाओं का एकाधिकार है। वे अपने आंगन की दीवारों को लीप पोत के उनपर अपनी कल्पनाओं को उकेर उनमें रंग भर जीवंत बना देती है । यह कला एक प्रकार का पारंपरिक चित्रकला है जो स्थानीय लोगों के जीवन शैली, परंपरा और संस्कृति सहित प्राकृतिक मिथिला विवाह संस्कार और मिथिला चित्रकलाः प्रसंग नवविवाहितों के लिये कोहबर सजाना