अन्तर्राष्ट्रीय मैथिल संस्था सम्मेलन पर मैथिल युवा विचार

विचार – सन्दर्भः अन्तर्राष्ट्रीय मैथिल संस्था सम्मेलन पटना

अंतरराष्ट्रीय मैथिल संस्था सम्मेलन मे मिथिला स्टूडेंट यूनियन

– रजनीश प्रियदर्शी, पटना

चेतना समितिक ( Chetna Samiti ) तत्वाधान मे आयोजित “अंतरराष्ट्रीय मैथिल संस्था सम्मेलन” मे मिथिला स्टूडेंट यूनियनक प्रतिनिधित्व हम (“रजनीश प्रियदर्शी”) केलहुँ अहि आयोजनक शुरू सँ अंत धरि हम जे किछु अनुभव प्राप्त केलहुँ देखलहुँ सुनलहुँ अपन बात रखलहुँ आ अहि आयोजन सँ जे किछु निष्कर्ष निकलल से अपने लोकनिक सोझाँ राखि रहल छी.

प्रथम दृष्टया ई कहब जे मिथिला मैथिलीक सांस्कृतिक चेतनाक विकासक लेल चेतना समिति सब सँ पुरान संस्था अछि. मुदा वर्तमान में सैकड़ों संस्था सम्पूर्ण भारतवर्ष मे नहि किंवा विदेश धरि सक्रिय अछि. सब संस्थाक अपन-अपन विचार आ कार्यशैली अछि जाहि मे सँ लगभग सत्तर गोट संस्था अहि आयोजन मे अपन सहभागिता देलनि. एहेन सन समय जखन मिथिलाक आर्थिक सामाजिक सामरिक आ सांस्कृतिक गरिमाक दोहन भ’ रहल हो आ लगभग 95 प्रतिशत संस्था विद्यापति पर्व समारोह मे व्यस्त हो तखन चेतना समितिक द्वारा एहेन सन आयोजन क’ सब के एक मंच पर आनि मिथिलाक विभिन्न विषय पर संवाद करबाक लेल समिति केँ “मिथिला स्टूडेंट यूनियन” दिस सँ साधुवाद.

◆ संस्था सबहक भागीदारी आ ओकर स्वरूप

समिति द्वारा आयोजित 9 आ 10 मार्च 2019 के अंतरराष्ट्रीय मैथिली संस्था सम्मेलन मे लगभग 70 गोट संस्था जे प्रतिनिधित्व केलनि ताहि मे सँ 45 गो संस्था विद्यापति पर्व समारोहक गतिविधि सँ मानल जाइत छैथ जिनका हमरालोकनि संस्कृतिक संस्था मानि सकैत छी. लगभग 20 गोट साहित्यिक संस्थाक भागीदारी रहल किछु गोटे मैथिली मीडिया सँ आ सामाजिक संस्था सबहक भागीदारी एकदम नगण्य रहल एक टा “मिथिला स्टूडेंट यूनियन” मात्र.

◆ द्वि-दिवसीय बैसार मे प्रमुख सत्र आ संवाद

मूलरूप सँ जाहि चारि टा सत्र मे एक्सपर्ट सबहक सँग विमर्श भेल ओ क्रमवार एना अछि..

१. मैथिली भाषाक संरक्षण आ विकास

अहि सत्र मे विभिन्न संस्था के प्रतिनिधि सब अपन-अपन विचार रखलनि जाहि मे प्राथमिक शिक्षा मे मैथिली, पांडुलिपि सबहक संरक्षण, प्रत्येक संस्था अपन पुस्तकालय खोलथि, चेतना समिति मे सिविल सर्विसेज के विद्यार्थी सबहक लेल मैथिली भाषाक पढाई के व्यवस्था, पुरान महत्वपूर्ण पोथी सबहक संरक्षण आ पुनःप्रकाशन, मैथिली भाषाक मानक तैयार करबाक लेल समितिक गठन, दैनिक समाचारपत्र आ गाम-गाम मे व्यवसायिक प्रतिष्ठान विद्यालय आ प्रवेश द्वार सब मे मैथिली भाषाक प्रयोगक लेल अभियान इत्यादि इत्यादि बहुत रास बात सोझाँ आयल.

२. मिथिलाक आर्थिक समस्या आ समाधान

इ टॉपिक बहुत प्रासंगिक छल जाहि पर हम अपन बात सेहो रखलहुँ हमर कहब छल जे मिथिला डेवलपमेंट बोर्ड के लेल संयुक्त रूप सँ संस्था सब प्रयास करथि किएक त’ सरकारक बिना कोनो हस्तक्षेप केँ आर्थिक विकास संभव नहिं भ’ सकैत अछि और ई सम्भव छैक अकॉर्डिंग टू आर्टिकिल 371 A to J तक भारत के अन्य ठाम भ’ सकैत छै त’ फेर मिथिला मे किएक ने एकरे भेला सँ मिथिला मे इंडस्ट्रीज टूरिज्म एडुकेशन हैल्थ सब सेक्टर मे निवेश शुरू भ’ जाएत त आर्थिक विकास संभव अछि. संगहि आर बहुत रास बात सोझाँ आयल जे सहकारिता के मादे, स्वयं सहायता समूहक मादे, मिथिला मे अपन स्थानीय बैंक खुलय आर गौ पालन, मुर्गी पालन, कुकुट फॉर्म मछली उत्पादन, मखाना इत्यादि, इत्यादि बहुत रास बात.

३. मिथिला मे बाढिक समस्या

अहि विषय पर बेसी सुझाव नहि आयल एक्सपर्ट लोकनि अपन बात रखलनि मुदा बिना सरकारी सहयोग आ अभिरुचि के अहि समस्या के समाधान ने भ’ सकैत अछि ई बात मूल रूप सँ सोझाँ आयल.

४. मिथिला कला संस्कृति संरक्षण आ विकास

अहि विषय पर त’ ढेरी सुझाव आयल चुकी सब 90 प्रतिशत संस्कृतिक संस्था के उपस्तिथि छल त’ आकानि सकैत छी जे कतेक रास बात भेल होयत हमरा ई कहब मे कोनो असोकर्ज ने जे सम्पूर्ण कार्यक्रम अहि विषय के केंद्र बिंदु पर नचैत रहल, मुदा अहि मे सँ जे किछु नीक बात निकली के आयल जे मैथिलीक नाम पर अश्लीलता ने पसारल जाए, क़्वालिटी वला कलाकार के प्रमोसन भेटय, कार्यक्रम सब समस्तीपुर बेगूसराय मुझफ़रपुर सहित मिथिलाक आर जिला सब मे हुए, मंच सञ्चालनक नाम पर जोकरै ने हुए, मिथिला पेंटिग के आर्थिक समृद्धि के आधार बनाएल जाए सामूहिक विवाह उपनयन मैथिली परम्परा सँ कराओल जाए इत्यादि इत्यादि.

:: अहि सब सँ फराक आर जे किछु विचार सब आयल ओहि आधार पर मेनिफेस्टो तैयार क’ समिति एक गोट समन्यवय समितिक गठन केलक जाहि मे चेतना समितिक अध्य्क्ष सचिव सहित इग्यारह गोटे के सम्मलित कैल गेल. ई अलग बात जे ओहि में कोनो सामाजिक संस्था के नहिं जोड़ल गेल आ नहि कोनो युवक के स्थान देल गेल आ नहि कोनो महिला. तखन त’ ई भविष्य के गर्भ मे अछि जे एतेक रास बात सँ निकलल कार्ययोजना के मूर्तरूप देवाक लेल समिति कोना काज करत,

मिथिला स्टूडेंट यूनियनक प्रस्ताव केँ समिति अपना मेनिफेस्टो मे ई कहैत ने रखलक जे “मिथिला विकास बोर्ड” सरकार के स्तर के चीज अछि. मुदा हमरा बुझने जों मेनिफेस्टो मे अहि बात केँ सम्मलित कैल जाइत त’ सब संस्थाक सामूहिक प्रयास सँ मिथिला मे आर्थिक विकास संभव अछि. मिथिला स्टूडेंट यूनियन के प्रतिनिधि के रूप मे हम पुनः अहि बात केँ नवगठित समिति तक रखलहुँ जे “मिथिला विकास बोर्ड” के लेल एक गोट मैथिल सक्रिय समाजिक संस्थाक रूप मे हम ई आशा रखैत छी जे अपने लोकनि मिथिलाक 20 जिलाक समृद्धिक वास्ते पुनर्विचार करब. बाँकी आर सब विषय पर जे चर्चा भेल मिथिला स्टूडेंट यूनियन प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप सँ काज क’ रहल अछि मिथिलाक समाज लेल क्षेत्र लेल छात्रक लेल, भाषा लेल, संस्कृति लेल, अपना मान लेल सम्मान लेल, अपने लोकनि अभिवावक संस्थाक रूप मे अपन भूमिका सुनिश्चित करि पाँचू अँगुरी एक ठाम करि आ सशक्त समृद्ध मिथिलाक परिकल्पना जे एकहक मैथिल केँ चेतना मे अछि ओकरा साकार करि.

बंधुगण मिथिला स्टूडेंट यूनियन संवाद के पक्षधर अछि. संवाद होइत रहै त’ आर कतेक रास रस्ता खुली सकैत अछि एखन मिथिला स्टूडेंट यूनियन के गाम-गाम मे संगठन अछि कार्यकर्ता अछि जों मिथिला अछि त’ सब किछु अछि हमरालोकनिक संयुक्त प्रयास सँ किछुओ संभव छैक से अनुभूति हमरा भेल मुदा कार्ययोजना पर ठोस क्रियान्वयन आ सामूहिक प्रयासक बेगरता अछि. से के करत ई यक्ष प्रश्न सबहक सोझाँ सेहो ठाढ अछि.

जय मिथिला