दोहा-कतार मे काल्हि १८म मासक ‘साँझक चौपाड़ि पर’ संपन्न

विदेशहु केर धरती पर मैथिल सर्जक बहबैत रहैत छथि मैथिलीक अविरल धाराः दृश्य मे दोहाक मैथिल सर्जक साँझक चौपाड़ि पर

विन्देश्वर ठाकुर, दोहा, कतार। जनवरी २८, २०१७. मैथिली जिन्दाबाद!!

दोहा/कतारमे सम्पन्न भेल – काव्यगोष्ठीक १८ मास

doha8“मातृभाषाक जगेर्णा हमरा सबहक प्रेरणा” मूल नाराक संग विगत १८ मास सँ निरन्तर रुपमे आयोजना होएत आबि रहल मैथिली काव्य-सन्ध्या अन्तर्गतक कार्यक्रम “साँझक चौपाड़ि पर” केर अठारहम मासक बैसार दिनांक २७/०१/२०१७ शुक्र दिन कतारक ग्राण्डमल्ल (सनैया) मे सफलतापूर्वक सम्पन्न भेल ।

कवि राम अधीन ‘सम्भव’ केर संयोजकत्वमे शुरु भेल बैसारक पहिल चरणमे परिचय-पात आ दोसर चरणमे सर्जक सब द्वारा रचना सब सुनाएल गेल छल। करीब ३ दर्जन सँ बेसी लोकक उपस्थिती रहल बैसारमे।

कवि मध्य सत्रुधन मुखिया, राम अधीन यादव, विन्देश्वर ठाकुर, दिनेश महरा द्वारा कविता वाचन कएल गेल। तहिना कवि, गायक आ समाजसेवी रवीन्द्र उदासी आ राम नारायण सिंह द्वारा मार्मिक गीत सभ प्रस्तुत कएल गेल। युवा गजलकार असरफ राईन द्वारा विभिन्न रसक गजल सब वाचन कएल गेल। बीच-बीचमे कवि लोकनिक’ शृंगार रसक कता सब सुनि उपस्थित सम्पूर्ण दर्शक लोकनि झुमि उठलाह।

कार्यक्रम मे हेल्प मधेशीक सेवक विशेष विशेश्वर यादव, प्रदीप ठाकुर, रुपेश यादव, उमेशजी, राम सिंह सहित अन्य मैथिली प्रेमी लोकनिक उपस्थिति रहल छल। बैसारमे अँनलाईन सँ आयल रचना सब मे धनेश्वर ठाकुर, राम सोगारथ यादव, राजदेव राज सहित अन्य कवि-गीतकार-सर्जक सबहक रचना सब सेहो समावेश कएल गेल। विगतकेर तुलनामे एहि बेरुक बैसार अत्यन्त प्रभावकारी रहल।

उपस्थित जनमानस मे अपन भाषाक मिठास तखन आरो बेसी बढि जाएछ जखन प्रस्तुतिक रूप काव्यात्मक होएत अछि, आर ‘साँझक चौपाड़ि पर’ केर ई निरन्तर १८म मासक आयोजन विदेश मे रोजगार करैत मैथिलीभाषी लेल एकटा नव प्राण आर उर्जा जोड़बाक महत्वपूर्ण कार्य कय रहल अछि, भाषा अभियानी तथा मैथिली जिन्दाबादक संपादक प्रवीण नारायण चौधरी आयोजनकर्ता लोकनि केँ धन्यवाद ज्ञापन करैत कहलैन अछि।