डा. अरविन्द झा, भुवनेश्वर। दिसम्बर १, २०१५. मैथिली जिन्दाबाद!!
मिथिला सांस्कृतिक परिषद केर आयोजन मे 29 नवंबर केँ संस्कृति विभाग, ओडिशा सरकार केर सौजन्य सँ स्थानीय भंजकला मंडप मे विद्यापति स्मृति पर्व समारोह धूमधाम सँ मनाओल गेल ।
समारोह केर अध्यक्ष अबध झा, मुख्य अतिथि मुख्य वन संरक्षक, ओडिशा सरकार डा. अभय कान्त पाठक, सम्मानीत अतिथि पुनियानंद चौधरी, मुख्य वक्ता प्राध्यापक, केन्द्रीय संस्कृत संस्थान, पुरी, डा. उदयनाथ झा छलाह ।
मंच संचालन परिषद केर उपाध्यक्ष डा. अरविन्द झा द्वारा कैल गेल जखन कि धन्यवाद ज्ञापन परिषद केर सचिव मणिशंकर ठाकुर केलनि । समस्त आगंतुक अतिथि लोकनिक स्वागत मिथिलाक सांस्कृतिक पहिचान ओ सम्मानक प्रतिक पाग तथा दोपटाक संग कैल गेल छल ।
विद्यापति केर भव्य चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलनक संग कार्यक्रम प्रारम्भ कैल गेल । आरंभ विद्याति केर प्रसीद्ध भगवती गीत जय जय भैरवि केर सामुहिक स्तुति गान सँ भेल ।
मिथिला सांस्कृतिक परिषद केर अध्यक्ष अवध झा सबसँ अपन मातृभाषा व मूल संस्कृति केर रक्षा करबाक आह्वान केलनि । मुख्य अतिथि डा. अभय कान्त पाठक द्वारा सुदूर प्रदेश मे रहियोकय मिथिला सांस्कृतिक परिषद द्वारा कैल गेल आयोजनक प्रशंसा कैल गेल ।
मुख्य वक्ता डा. उदयनाथ झा विद्यापति केर विषय मे उपस्थित सभासद-श्रोता लोकनिक ज्ञानवर्धन केलनि, ओ कहलैन जे विद्यापति रचित मैथिली गीत केर सहजता ओ सुन्दरता सँ जन-जन केर कंठ मे बसबाक कारण जनकंठहार कहायल ।
संस्कृति विभाग, ओडीशा सरकार केर सौजन्य सँ उत्कल डान्स एन्ड रिसर्च एकेडमी द्वारा विद्यापति गीत ‘पिया मोर बालक हम तरुणी गे’ एहि पर भव्य भाव नृत्य प्रस्तुत कैल गेल ।
जमशेदपुर सँ आमंत्रित प्रसिद्ध मैथिलीकलाकार मिथिलेश मिश्र एवं डेजी ठाकुर अपन सुरीला आवाज सँ लोकक मन मोहि लेलनि । स्थानीय कलाकार मे कीर्ति रानी, आशुतोष झा, रश्मि चौधरी, ज्ञानेन्द्र झा अपन-अपन प्रस्तुति पर खूब ताली बटोरलनि ।
सुश्री कीर्ति रानी अपन रसदार-चहटगर चुटकुला सब सुनबैत श्रोता सबकेँ हँसैत-हँसैत लोटपोट कए देलनि। रातिक 10 बजे धरि चलल एहि भव्य समारोह मे उपस्थित करीब 500 लोकक हुजूम अन्तो-अन्त धरि कार्यक्रमक आनन्द लैत रहला ।
परिषद केर तरफसँ चाय-नास्ता एवं भोजन केर सेहो प्रबन्ध कैल गेल छल । कार्यक्रम केँ सफल बनेबा मे संजय झा, निपेन्द्र चौधरी, मुकेश कुमार झा, अवधेश झा, मौशम मिश्र, धर्मेन्द्र ठाकुर, विद्यानन्द झा, निर्भय झा एवं पवन कुमार सिंह द्वारा महत्त्वपूर्ण भूमिका निर्वाह कैल गेल ।

2 Comments
Excellent organisation of VIDYAPATI SAMAROH by Mithila Sanskritik Parshad, Bhubaneshwar.Experiment on Synthesis of Vidyapati’s heart touching song ‘Kon Tap’ chukalaun bhelaun Janani ge’ with Odissi dance with clear expressions has potential to popularise Maithili Lokgeet of Vidyapati ji in Odisha.Let MSP make a move in this direction.
bahut nik . aha sabhak prays safal ho saih hamar sabhak shubhkamna.
bhav dhari singh