स्वाध्याय
– प्रवीण नारायण चौधरी
रामचरितमानस मोती
बालकाण्ड
१. प्रथम सोपान बालकाण्ड मंगलाचरण एवं गुरुक महत्व
६. तुलसीदासजीक दीनता आ रामभक्तिमयी कविताक महिमा
७. कवि वन्दना
८. वाल्मीकि, ब्रह्मा तथा शिव-पार्वतीक विशेष वन्दना
९. श्री सीताराम-धाम परिकर वन्दना
१०. श्री नाम वन्दना तथा नाम महिमा
११. श्री राम गुण तथा श्री रामचरित् केर महिमा
१४. भरद्वाज याज्ञवल्क्य संवाद एवं प्रयाग माहात्म्य
१५. सतीक भ्रम, रामक ऐश्वर्य तथा सतीक पछताबा
१६. शिवजी द्वारा सतीक त्याग एवं समाधि
१७. सतीक अपन पिता दक्ष ओतय यज्ञ देखय लेल गेनाय
१८. यज्ञ मे पतिक अपमान सँ क्षुब्ध सती द्वारा स्वयं-शरीर केर त्याग
२०. श्री रामजी द्वारा शिवजी सँ भेंट कय विवाह लेल अनुरोध
२१. सप्तर्षि द्वारा तपस्यारत पार्वती सँ भेंट आ परीक्षा
२२. कामदेवक देवकार्य शिवजीक तपस्या भंग करबाक दुस्साहस आ भस्म हेबाक प्रसंग
२३. कामदेवक पत्नी रति केँ वरदान
२४. देवता लोकनि द्वारा शिवजी सँ विवाह लेल अनुरोध आ आगूक कथा
२५. शिव पार्वती विवाह प्रसंग – बिचित्र बरियाती एवं अन्य तैयारी
२६. शिवजीक विवाह
२८. श्री रामचन्द्रजीक अवतारक कथा
२९. नारदक अभिमान आ मायाक प्रभाव
३०. विश्वमोहिनीक स्वयंवर, भगवान् आ शिवगणकेँ नारद द्वारा श्राप आ नारदक मोहभंग
३२. राजा प्रतापभानुक कथा (रावणक पूर्वजन्मक गाथा)
३३. रावणादिक जन्म, तपस्या, ऐश्वर्य आ अत्याचारक कथा
३४. रावणक अत्याचार सँ त्रस्त पृथ्वी एवं देवता लोकनिक करुण पुकार
३५. भगवान् द्वारा देवता लोकनि केँ वरदान
३६. राजा दशरथ केर पुत्रेष्टि यज्ञ
३७. श्री भगवान् केर प्राकट्य एवं बाललीलाक आनन्द
३९. विश्वामित्र-यज्ञ केर रक्षा
४०. अहल्या उद्धार
४१. श्री राम-लक्ष्मण सहित विश्वामित्रजीक जनकपुर प्रवेश (मिथिला आगमन)
४२. जनकजीक राम-लक्ष्मण केँ देखिते देरी मुग्धता प्राप्तिक अवस्था
४३. श्री राम व लक्ष्मण द्वारा जनकपुर भ्रमण (निरीक्षण)
४४. पुष्पवाटिका निरीक्षण एवं श्री सीता एवं राम केर प्रथम भेंट (परस्पर दर्शन)
४५. सीताजी द्वारा गौरी पूजन एवं वरदान प्राप्ति तथा श्री राम-लक्ष्मण संवाद
४६. श्री राम-लक्ष्मण संग विश्वामित्रजी धनुष-यज्ञशाला मे प्रवेश
४७. श्री सीताजीक धनुष-यज्ञशाला मे प्रवेश
४८. राजा सब सँ धनुष नहि टरब आ राजा जनकक आक्रोश
४९. लक्ष्मणजीक क्रोध तथा श्री रामजीक धनुष तोड़बाक तैयारी
५०. धनुष भंग प्रसंग
५१. सीता स्वयंवर एवं परशुराम क्रोध
५३. दशरथजी लग जनकजीक दूत केर पहुँचनाय आ अयोध्या सँ बरियाती जनकपुर लेल प्रस्थान
५४. राम-जानकी विवाह तथा जनकपुर मे बरियातीक स्वागत प्रसंग
५५. सीता संग रामक विवाह आ विदाई प्रसंग
५६. श्री सीतारामजीक विवाहोपरान्त अयोध्या आगमन पर भव्य स्वागत
५७. रामचरित सुनबाक-गेबाक माहात्म्य (बालकाण्डक अन्तिम अध्याय)

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