Search

दिल्ली मे तहलका मचेलाक बाद आब काठमांडू मे ‘मैथिली मचान’ – काल्हि सँ १० दिन धरि

207 भ्यूज

काठमांडू, ३१ मई, २०१८. मैथिली जिन्दाबाद!!

दिल्ली विश्व पुस्तक मेला २०१८ सँ सोशल मीडिया आ मैथिली भाषा-साहित्य संसार मे केवल मैथिली पोथी केर बिक्री, प्रदर्शनी लेल सुविख्यात “मैथिली मचान” काल्हि सँ नेपालक राजधानी – काठमांडू केर भृकुटि मंडप मे लागि रहल अछि। एहि सम्बन्ध मे संचालिका डा. सविता झा खान अपन सुन्दर विचार पठबैत मचानक गतिविधिक सम्बन्ध मे जानकारी करौली अछि।

मैथिली मचानक भूमिका आ नव उपक्रम सिनेहबंध

मैथिली मचान एक एहन उपक्रम अछि जेकर ध्येय मैथिली भाषा, साहित्य, दर्शन आ अन्यान्य विमर्श के संवर्धन आ प्रसार करब अछि, अहि क्रम में नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला, (2017 में गार्गी सातत्य सं शुरू भेल भारत-नेपाल साझा मैथिल सांस्कृतिक उपक्रम आ 2018 सं शुरू भेल मैथिली मचान अप्पन पहिल चरण में नौ दिन में मैथिली भाषा-साहित्य के वैश्विक पटल पर उपस्थिति दर्ज करबैत अहि संक्षिप्त अंतराल में मैथिली पोथी के दू लाख तक के बिक्री (जे कैक टा नव सम्भावना के जन्म देलक) आ भारत नेपाल समग्र साहित्य के एक मंच पर आनबाक प्रयत्न केलक, मैथिली मचान के अवचेतन में भारत संग नेपाल के मैथिली भाषी समुदाय सेहो एक समग्र, परिपूर्ण आ वृहत्तर मिथिला के संकल्पना एकदम निस्सनअछि, बेटी-रोटी के सतत अनुकूल सम्बन्ध में जीवैत सम्बन्ध के संकल्पना.
अहि क्रम में भारत आ नेपाल सं मैथिल साहित्यकार सबहक वार्ता सेहो मैथिली मचान विश्व पुस्तक मेला, 2018 में आयोजित करबौलक. नेपाल के सब मूर्धन्य साहित्यकार के पोथी मैथिली मचान पर उपस्थित रहय आ बिक्री भेल. अहि क्रम के अगिला चरण राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय, नई दिल्ली में मैथिली मचान के बयालीस दिन कें उपस्थिति छल जाहि में स्थापित मैथिल चिन्तक, साहित्यकार, राजनीतिज्ञ, शिक्षक, भाषाकर्मी. रंगकर्मी, कलाकार, प्रकाशक, दार्शनिक सबहक 43 टा वार्ता आयोजित कैल गेल आ रिकॉर्ड सुरक्षित कैल गेल।
अहि क्रम में आब मैथिली मचान के अगिला चरण मैथिली भाषा-साहित्य विमर्श के एकर उत्तर्वर्ती भाग नेपाल दिस ल क बढबैत एक अंतर्राष्ट्रीय उपस्थिति संग सांस्कृतिक समन्वय आ सजग, सक्रिय आदान प्रदान के अनंतर प्रवाह सुनिश्चित करबाक अछि, २२म नेपाल अंतर्राष्ट्रीय पुस्तक मेला संभवतः मैथिली के पहिल अंतर्राष्ट्रीय प्रयास उपस्थित करबाक हैत.
अहि बेर काठमांडू में प्रस्तावित अहि पुस्तक मेला में, मैथिली पोथी के बिक्री आ प्रदर्शनी के इतर छ: टा पैनल डिस्कशन नियार कैल गेल अछि।
– डा. सविता झा खान
विदित हो जे हालहि मचानक लगभग १ मास धरि इन्टरनेशनल थियेटर ओलंपियाड – नेशनल स्कुल अफ ड्रामा केर परिसर नई दिल्ली मे सम्पन्न भेल अछि। काठमांडूक भृकुटि मंडप मे २२म अन्तर्राष्ट्रीय पुस्तक मेला मे मैथिली मात्र केर पुस्तक बिक्री-प्रदर्शनी सँ लाखों भाषा-साहित्यप्रेमी केँ एकटा नीक अवसर भेटत। जहिना काठमांडू किछु सैकड़ा वर्ष पूर्व मल्लकालीन राज मे फूलल-फलल छल तहिना एक बेर एहि तरहक साहित्यिक कार्यक्रम आ पुस्तक प्रदर्शनी ओ बिक्री सँ फेरो बनत से अपेक्षा कयल जा रहल अछि। सह-संचालक अमित आनन्द निरन्तर अथक श्रमदान करैत मचान केँ एतय धरि पहुँचबाक उद्देश्य पर प्रकाश देलनि।

Related Articles