अहुँ केँ चाही सोना?

नैतिक कथा - उपनिषद् (अनुवाद: प्रवीण नारायण चौधरी) कोनो जंगल मे एकटा स्वर्णशिला पड़ल छल। दुइ गोट घुड़सवार ओतय आबि गेल। चूंकि दुनू गोटा एक्के समय पहुंचल...

रमजान आ गर्मीक आतंक

गर्मीके कहर आ रमजान - आलेख बिन्देश्वर ठाकुर, कतार। हमर देश नेपाल । हम एक नेपाली । हमर काज कर' बला मूलुक कतार । अहिठाँ हमरा लगायत...

एकाग्रता कोना साधब: विनोबा भावे

आलेख (भावानुवाद) - प्रवीण नारायण चौधरी संसार भरिक वेत्ता लोकनि श्रीमद्भागवद्गीता केँ अध्ययन-मनन आ तदनुसार प्रवचन करैत रहला अछि। एहि पाँति मे आचार्य विनोबा भावे केर...

अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस आ मिथिला योगीश्वर लक्ष्मीनाथ गोसाईं

राहुल - जय हो बन्गाम, सहरसा। जुन २१, २०१५. पहिल अन्तराष्ट्रीय योग दिवस केर अवसर पर मिथिलाक योगी श्री श्री 108 संत कवि लक्ष्मीनाथ गोसाईं...

धर्म दर्शन: ॐ तत्सत्

ॐ तत्सत् मीमाँसा ॐ, तत् आ सत् - ब्रह्म केर परिचायक यैह तीन नाम - एहि तीन सँ ब्रह्म, वेद आ यज्ञक भान होइत अछि।...

ई केहेन पैघ लोक?

नैतिक कथा - प्रवीण नारायण चौधरी पैघ लोक केर परिभाषा ओना तऽ बड सहज छैक जे पैघत्व केँ धारण करय से पैघ भेल, मुदा पैघ कहेनिहार...

जीवनचर्या-सम्बन्धी उपदेश – श्रीउमामहेश्वरजीके जीवन-दर्शन

आलेख: आध्यात्मिक चेतना तथा स्वाध्याय एक बेर पार्वती माता भगवान्‌ शिवसँ जीवनमें पालनीय आचारके सम्बन्धमें निवेदनपूर्वक जिज्ञासा कयलन्हि। एहिपर शिवजी देवी पार्वतीकेँ जीवनके सफल बनाबय...

कलियुग कि थीक: सत्य दर्शन

युगक सामान्य समझ नीक समय जे बीत गेल से कहायल सत्ययुग, अंधकारक युग केँ कलियुग कहल जा रहल अछि। मान्यता अनुसार युग केर चर्चा अपना...

अंग प्रदर्शन करब सुन्दरता कोना?

नारी सुंदरताक दुरुपयोग समाज लेल अकल्याणकारी सुन्दरताक परिभाषा भारतवर्षीय संस्कृति मे सत्य तथा शिव सँ जुड़ल अछि। 'सत्यं शिवं सुन्दरम्' - अर्थात् जे सत्य अछि...

कलियुगक कल्पवृक्ष – दान

- आध्यात्मिक आलेख : A must read Article            - महामण्डलेश्वर स्वामी श्रीबजरंगबलीजी ब्रह्मचारी धन्य अछि ओ देश, धन्य अछि ओ प्रदेश,...